एक छोटी सी कहानी 339

☝🏼एक छोटी सी कहानी

अनुराधा: “आप इतना सोच-समझकर खर्च क्यों करते हैं?”

अनिल: "जल्दी में बिना सोचे समझे खरीदा हुआ सामान की कीमत बाद में समझ आ जाती है।”

👉कम खर्च करना कंजूसी नहीं, समझदारी है।

👉जरूरत पर खर्च करें, दिखावे पर नहीं। 💰✨

🙏🏼श्रैयाँस कोठारी


Comments

Popular posts from this blog

एक छोटी सी कहानी 02

हे प्रभु यह तेरापंथ -1

एक छोटी सी कहानी 03